संपादकीय नीति
यह पेज बताता है कि Niti Khabar की खबरें किन नियमों पर लिखी और प्रकाशित की जाती हैं। लेखक के रूप में जो "Niti Khabar डेस्क" लिखा दिखता है, वह इन्हीं नियमों का पालन करता है।
स्रोत
- हर खबर में मूल स्रोत का नाम और लिंक दिया जाता है।
- हम प्राथमिकता आधिकारिक स्रोतों को देते हैं: सरकारी विभाग, नियामक संस्थाएँ, अदालतें, अंतरराष्ट्रीय संगठन और कंपनियों की आधिकारिक घोषणाएँ।
- जहाँ एक से ज़्यादा स्रोत हों, वहाँ अतिरिक्त स्रोत भी खबर के साथ दिए जाते हैं।
तथ्य-जाँच
- तारीख, आँकड़े, नाम और रकम को प्रकाशन से पहले मूल स्रोत से मिलाया जाता है।
- जो बात स्रोत में नहीं है, उसे हम तथ्य की तरह नहीं लिखते। अगर कोई बात अनुमान या राय है, तो उसे साफ़ तौर पर वैसा ही लिखा जाता है।
- अफ़वाहों और अपुष्ट दावों को खबर की तरह नहीं छापा जाता।
भाषा और स्पष्टता
खबरें आसान हिंदी में लिखी जाती हैं। कठिन तकनीकी या कानूनी शब्द होने पर उनका मतलब अलग से समझाया जाता है।
लेखन में तकनीक का इस्तेमाल
लेखन और संपादन में स्वचालित उपकरणों की मदद ली जा सकती है। चाहे उपकरण कोई भी हो, प्रकाशन से पहले स्रोत से मिलान करने की ज़िम्मेदारी संपादकीय प्रक्रिया की है।
सुधार
गलती पाए जाने पर हम सुधार नीति के अनुसार उसे ठीक करते हैं और ज़रूरी होने पर सुधार का नोट खबर पर जोड़ते हैं।
स्वतंत्रता
खबर किसी को लाभ पहुँचाने के लिए नहीं लिखी जाती। अगर भविष्य में कोई स्पॉन्सर्ड सामग्री होगी, तो उसे साफ़ तौर पर चिह्नित किया जाएगा।
